शरीर की कमजोरी दूर भगाती है चिरौंजी

Chironji-Oil-seeds_589d83a90e031हमारे घर में बहुत से ऐसे खाद्य पदार्थ होते हैं जो हमारी सेहत के लिए बहुत उपयोगी होते हैं और हजारो सालों से इनका उपयोग औसधि के रूप में भी किया जाता रहा है. चिरौंजी को अक्सर मिठाई बनाने में उपयोग किया जाता है. चिरौंजी का बीज बादाम के विकल्प के रूप में जाना जाता है । चिरौंजी के फल के तोड़ने पर दाल के आकार का भूरे रंग का थोड़ा चपटा बीज निकलता है इसे ही चिरौंजी कहते हैं । चिरौंजी सेहत व सौंदय दोनों के लिहाज से बहुत फायदेमंद है।

चिरौंजी के 10-12 दानों को रात में थोड़े दूध भिगो दें। इन्हें पीसकर चेहरे पर लगाने से झांइयां गायब हो जाती हैं। 5 से 10 ग्राम चिरौंजी को नारियल की गिरी के साथ सेंक लें। इसे पीसकर एक कप दूध के साथ उबालें व आधा चम्मच इलाइची पाउडर व थोड़ी शक्कर मिलाकर पिएं। इससे खांसी व जुकाम में आराम मिलता है।

पचने में भारी एवं कब्जकारक होने से भूख की कमी व कब्ज के रोगियों को इसका सेवन अल्प मात्रा में करना चाहिए। यह वीर्य को गाढ़ा बनाती है इसलिए शुक्राणुओं की कमी व नपुंसकता में इसे दूध के साथ लें. चिरौंजी में प्रचुर मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है। कुछ मात्रा में इसके सेवन से शरीर की प्रोटीन की आवश्यकता पूरी हो जाती है। शारीरिक कमजोरी हो तो उसके लिए चिरौंजी खाना बहुत फायदेमंद होता है।